



शिमला: हिमाचल प्रदेश में बीती रात हुई भारी बारिश और भूस्खलन से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है. शिमला जिले के बधाल में बादल फटने से एनएच-05 अस्थायी रूप से बंद हो गया, जबकि रामपुर के गांव शील प्रोग और थला में कई मकान क्षतिग्रस्त हुए और दो लोग घायल हुए. चंबा-पठानकोट राजमार्ग टूटने से मणिमहेश यात्रा रोक दी गई, जहां अब तक 11 श्रद्धालुओं की मौत, 8 घायल और 9 लापता बताए गए हैं. यहां हजारों यात्री फंसे हुए हैं. कुल्लू-मनाली हाईवे पर बहाली कार्य युद्धस्तर पर जारी है और वैकल्पिक मार्गों से आंशिक ट्रैफिक बहाल कर दिया गया है। सीएम सुखविंदर सिंह सुक्खू ने आज कांगड़ा जिला के फतेहपुर और इंदौरा के साथ-साथ जिला चंबा के भरमौर और मणिमहेश सहित अन्य बाढ़ एवं आपदा प्रभावित क्षेत्रों का हवाई सर्वेक्षण किया. सीएम ने स्थिति का जायज़ा लेते हुए राहत और बचाव कार्यों की प्रगति की जानकारी ली. इसके बाद मुख्यमंत्री थोड़ी देर में चंबा के आपदा प्रभावित क्षेत्रों का दौरा करेंगे और प्रभावित परिवारों से मुलाकात कर उनकी समस्याओं को सुनेंगे. सीएम प्रशासनिक अधिकारियों के साथ बैठक कर स्थिति की भी समीक्षा भी करेंगे। सीएम सुखविन्द्र सिंह सुक्खू, दिल्ली से पठानकोट एयरफोर्स स्टेशन पर पहुंचने के बाद चंबा जिला के लिए रवाना हुए। सीएम मणिमहेश, भरमौर और चंबा में तेज बारिश से हुई भयंकर तबाही का हवाई सर्वेक्षण करेंगे, चंबा के हालातों पर जिला प्रशासन के साथ बैठक करेंगे. पठानकोट एयरफोर्स स्टेशन पर मुख्यमंत्री ने कांगड़ा के डीसी हेमराज बैरवा और पुलिस अधिकारी अशोक रतन से कांगड़ा जिला में हुए नुकसान की जानकारी ली और उचित कदम उठाने के लिए दिशा-निर्देश दिए।