Home » ताजा खबरें » पंजाब यूनिवर्सिटी में बाहरी लोगों की एंट्री पर बैन, मासूम शर्मा के शो में छात्र की ह*त्या के बाद प्रशासन का फैसला…

पंजाब यूनिवर्सिटी में बाहरी लोगों की एंट्री पर बैन, मासूम शर्मा के शो में छात्र की ह*त्या के बाद प्रशासन का फैसला…

चंडीगढ़ : पंजाब यूनिवर्सिटी ने आउटसाइडर की एंट्री पूरी तरह बैन कर दी है। दैनिक जागरण की ओर से उठाए गए मुद्दे के बाद यूनिवर्सिटी प्रशासन ने यह फैसला लिया है। इसके लिए पीयू प्रशासन की ओर से सभी कर्मचारियों को सख्त निर्देश जारी कर दिए गए हैं। सभी कर्मचारियों और विद्यार्थियों को गले में अपना पहचान पत्र पहनकर रखना होगा। पीयू में प्रवेश करने वाली प्रत्येक गाड़ी की कड़ी जांच की जाएगी। वहीं, दूसरी ओर डिस्ट्रिक्ट मजिस्ट्रेट ने आदित्य ठाकुर हत्याकांड की मजिस्ट्रेट जांच के आदेश दिए हैं। आदित्य ठाकुर की हत्या के मुख्य आरोपितों की पुलिस ने पहचान कर ली है। उनका नाम दीपक उर्फ कांचा और हर्षु है उनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस छापेमारी कर रही है। इससे पहले चार आरोपित काबू किए जा चुके हैं। इसके लिए पुलिस की चार टीम काम कर रही हैं। सेक्टर-11 थाना पुलिस के अलावा क्राइम ब्रांच, ऑपरेशन सेल और डीसीसी की टीम भी छापेमारी कर रही है। पंजाब यूनिवर्सिटी में हरियाणवी सिंगर मासूम शर्मा की स्टार नाइट का आयोजन किया गया था। इस दौरान वहां पर छात्र आदित्य ठाकुर की दीपक उर्फ कांचा और हर्ष के साथ कहासुनी हो गई थी जब आदित्य ठाकुर मासूम शर्मा के स्टेज के पीछे से गुजर रहा था, तो दीपक उर्फ कांचा और हर्षु ने अपने दोस्तों के साथ मिलकर उन पर हमला कर दिया। इस मामले में साहिल, राघव, लविश और अजय को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है। पुलिस दीपक उर्फ कांचा और हर्षु की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही है। इसके लिए पुलिस की सेक्टर-11 थाना पुलिस के अलावा क्राइम ब्रांच, ऑपरेशन सेल और डीसीसी की टीम भी लगातार प्रयास कर रही है।

छात्रों में उबाल, पीयू में कई जगह प्रदर्शन

आदित्य ठाकुर की हत्या को लेकर पीयू के छात्र संगठनों में रोष बढ़ता जा रहा है। अभी तक मुख्य आरोपित गिरफ्तार नहीं होने के कारण छात्र लगातार विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं।मंगलवार को भी यूनिवर्सिटी कई जगह पर प्रदर्शन किए गए। छात्र संगठनों ने डीएसडब्ल्यू (डीन ऑफ स्टूडेंट वेलफेयर) के कार्यालय पर ताला जड़ दिया। इसके अलावा स्टूडेंट सेंटर और कुलपति कार्यालय के बाहर भी प्रदर्शन किया गया। कुलपति रेणु विग ने प्रदर्शनकारी छात्रों से बात करने का प्रयास किया, मगर वह कुछ भी सुनने को तैयार नहीं थे। छापेमारी कर रही है। इसके लिए पुलिस की सेक्टर-11 थाना पुलिस के अलावा क्राइम ब्रांच, आपरेशन सेल और डीसीसी की टीम भी लगातार प्रयास कर रही है। डिस्ट्रिक्ट मजिस्ट्रेट ने आदित्य ठाकुर हत्याकांड मामले में मजिस्ट्रेट जांच के आदेश दिए हैं। इस जांच का जिम्मा एसडीएम सेंट्रल नवीन को सौंपी गई है। उन्हें दो सप्ताह में इसकी रिपोर्ट सौंपनी होगी। इस जांच में सभी प्वाइंट को देखा जाएगा, जहां सुरक्षा व्यवस्था में चूक हुई है। कैंपस में जहां से आउटसाइडर्स घुसते हैं, उन सभी जगहों की जांच होगी व उन्हें रिपोर्ट में शामिल किया जाएगा।

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