



लाइव हिमाचल/ऊना: शातिर ठगों ने हरोली क्षेत्र के सेवानिवृत्त हैडमास्टर राकेश कुमार को झूठे केस में फंसाने की धमकी देकर 61.29 लाख रुपए की ठगी का शिकार बना दिया। पीड़ित व्यक्ति राकेश कुमार निवासी नगनोली ने हरोली पुलिस को बताया कि ठगों ने मुंबई पुलिस का अधिकारी बनकर उनसे संपर्क किया और झूठे दस्तावेज़ और वीडियो कॉल के माध्यम से उन्हें डराकर पैसे ऐंठ लिए।
राकेश कुमार, जो भारतीय सेना में नायब सूबेदार और शिक्षा विभाग में हैडमास्टर के पद से सेवानिवृत्त हुए हैं, ने बताया कि 22 नवंबर, 2024 को एक अज्ञात नंबर से उन्हें व्हाट्सऐप पर मैसेज आया। मैसेज भेजने वाले ने खुद को हेमराज कोली, मुंबई पुलिस स्टेशन का इंस्पेक्टर बताया। इसके बाद, उसी नंबर से एक अन्य व्यक्ति ने सब-इंस्पेक्टर संदीप राव बनकर संपर्क किया। उक्त व्यक्ति ने राकेश को वीडियो कॉल कर इसका आधार नंबर बताया और कहा कि तिलक नगर पुलिस स्टेशन में आपके खिलाफ 17 लोगों ने शिकायत दर्ज करवाई है। और एक मनी लॉन्ड्रिंग मामले में उनके मोबाइल नंबर से जुड़े एटीएम कार्ड का इस्तेमाल हुआ है। साथ ही उनके बैंक खाते से 2 करोड़ रुपए के ट्रांजेक्शन का आरोप लगाकर उन्हें डराया गया।
पीड़ित को नकली दस्तावेज और फोटोज़ भेजकर यकीन दिलाया गया, वहीं उसे अदालत का एक जाली दस्तावेज भेजा गया। इसके बाद उन्हें धमकी दी गई कि अपने खाते में मौजूद सभी पैसे की जांच करानी होगी। भयभीत राकेश ने विभिन्न किश्तों में 61.29 लाख रुपए ठगों द्वारा दिए गए खातों में ट्रांसफर कर दिए। घटना के बाद ठगों ने पीड़ित को जान से मारने की धमकियां भी दीं। राकेश कुमार ने हरोली पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई, जिसके बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। एसपी राकेश सिंह ने बताया कि ठगों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए विशेष टीम का गठन किया गया है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि किसी भी संदिग्ध कॉल या संदेश पर तुरंत सतर्क हो जाएं और ऐसी घटनाओं की जानकारी पुलिस को दें।