ज़िला रेडक्रॉस समिति समर्पण और सेवाभाव के साथ निरंतर कार्यरत : मनमोहन शर्मा

सोलन: उपायुक्त सोलन मनमोहन शर्मा ने रेडक्रॉस समिति से अधिक से अधिक लोगों को रेडक्रॉस के साथ जोड़ने तथा आजीवन सदस्य बनाने का आग्रह किया ताकि पीड़ित मानवता की सहायता में कोई कमी ना रहे। मनमोहन शर्मा आज यहां ज़िला रेडक्रॉस सोसायटी की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। मनमोहन शर्मा ने कहा कि क्षेत्रीय अस्पताल में रेडक्रॉस समिति द्वारा स्थापित सहायता कक्ष के माध्यम से अभी तक 213 लोगों को शारीरिक रूप से सहायता व 02 लोगों को वित्तीय सहायता प्रदान की गई। ज़िला रेडक्रॉस समिति सोलन द्वारा वित्त वर्ष 2025-26 में 42 जरुरतमंद लोगों को 02 लाख 73 हज़ार 280 रुपए की सहायता प्रदान की गई है। उन्होंने कहा कि रेडक्रॉस समिति का कार्य निःस्वार्थ मानव सेवा करना है और ज़िला रेडक्रॉस समिति सोलन मानवता के प्रति समर्पण और सेवाभाव से निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने भविष्य में भी इस तरह के पुनीत कार्य निरंतर जारी रखने का आग्रह किया। उपायुक्त ने स्वास्थ्य विभाग द्वारा आयोजित किए जाने वाले चिकित्सा शिविरों की जानकारी रेडक्रॉस समिति से भी साझा करने के निर्देश दिए ताकि ज़िला रेडक्रॉस समिति भी इन शिविरों में आपना सहयोग दे सके। उन्होंने रेडक्रॉस समिति को स्वास्थ्य विभाग के साथ संयुक्त तत्वाधान में सभी उपमण्डलों में रक्तदान शिविर आयोजित करने के निर्देश भी दिए।
उन्होंने ज़िला रेडक्रॉस समिति को दिव्यांगजनों के लिए समय-समय पर शिविरों का आयोजन करने तथा नशा-निवारण पर विभिन्न शिक्षण संस्थनों में जागरुकता शिविर आयोजित करने को कहा ताकि युवा पीढ़ी को इस सामाजिक बुराई से दूर रखा जा सके। मनमोहन शर्मा ने बुधराम वर्मा द्वारा ज़िला रेडक्रॉस समिति को एक लाख रुपए की राशि ज़रुरतमंद बच्चों व महिलाओं को दान दिए जाने पर उनका अभार व्यक्त किया। उन्होंने लोगों से रेडक्रॉस समिति को पीड़ित मानवता की सेवा करने के लिए अधिक से अधिक अशंदान करने का आग्रह किया।
बैठक में ज़िला प्रबंधन समिति एवं कार्यकारिणी समिति के गठन तथा रेडक्रॉस के लिए नए अस्पताल भवन में सराय व कमरे के प्रावधान के बारे में भी विस्तृत चर्चा की गई।
सहायक आयुक्त सोलन एवं ज़िला रेडक्रॉस समिति की सचिव नीरजा शर्मा शर्मा ने समिति की विभिन्न गतिविधियों की विस्तृत जानकारी प्रदान की। समिति के सदस्यों ने इस अवसर पर बहुमूल्य सुझाव प्रस्तुत किए।
इस अवसर पर नगर निगम सोलन की महापौर एवं ज़िला रेडक्रॉस समिति की आजीवन सदस्य ऊषा शर्मा, ज़िला रेडक्रॉस समिति के उप-संरक्षक डॉ. लेखराज शर्मा, सुरेंद्र सेठी, अतिरिक्त उपायुक्त सोलन राहुल जैन, रेडक्रॉस समिति के सदस्य सहित अन्य लोग उपस्थित थे।

फौजियों पर विवादित टिप्पणी कर घिरी हिमाचल की इन्फ्लुएंसर, सैनिक की बेटी बोली- मेरे पिता का भी अपमान, कार्रवाई होनी चाहिए

सिरमौर: हिमाचल प्रदेश के सिरमौर की सोशल मीडिया इंफ्लूएंसर इशिता पुंडीर अपने एक विवादित बयान के बाद जबरदस्त आलोचना का सामना कर रही हैं। फौजियों को लेकर की गई उनकी टिप्पणी सोशल मीडिया पर आग की तरह फैल गई, जिसके बाद उन्हें ट्रोलिंग का सामना करना पड़ा और आखिरकार माफी मांगनी पड़ी। सिरमौर के एक फौजी ने वीडियो शेयर कर कहा कि वह भी सिरमौर जिले से हैं। और उन्हें भी शर्म महसूस हो रही है कि उनके ही जिले की लड़की ने सैनिकों को लेकर अपमानजनक टिप्पणी की है। उन्होंने कहा कि पर्सनल एक्सपीरियंस के आधार पर सभी को जज नहीं किया जा सकता। इंडियन आर्मी में लाखों लोग सेवाएं देते हैं। इशिता ने सब पर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने अगली बार सोच-समझकर कमेंट करने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि ऐसे बयान लोगों में गलत सोच और गलतफहमी पैदा करते हैं। आरती ने इशिता पुंडीर को रील की दुनिया से बाहर निकलकर उन शहीदों के घरों में जाने की सलाह दी, जहां विधवा पत्नियां अपने बच्चों को उनके पिता की वीरता और वफादारी की कहानी सुनाती हैं। आरती कहती हैं कि फौजी अपने बच्चों का जन्मदिन भी परिवार के साथ नहीं मना पाते।उन्होंने कहा कि गोबर उठाना, घास काटना, चूल्हे पर रोटी बनाना जैसे काम सादगी नहीं, बल्कि हिमाचल की हर बहू-बेटी की दिनचर्या है। फौजी माइनस 30-40 डिग्री में देश की सरहदों की रक्षा करते हैं। जब फौजी घर से जाते हैं तो उन्हें यह भी मालूम नहीं होता कि वे अगली बार लौट पाएंगे या नहीं। पूजा ठाकुर ने कहा कि तुम आर्मी ऑफिसर के बारे में क्या जानती हो? आर्मी ऑफिसर शादी के अगले दिन ही ड्यूटी पर चले जाते हैं। ड्यूटी की वजह से अपने रीति-रिवाज और रस्में तक नहीं निभा पाते। फौजी अपने मां-बाप, पत्नी और बच्चों के लिए तरसते हैं। अगर सैनिक न हों, तो दुश्मन देश घर में घुसकर हमला कर सकते हैं। पूर्व सैनिक की बेटी तृप्ति चौहान ने कहा कि यदि आपके साथ किसी ने गलत किया है, तो आप उसी व्यक्ति के बारे में बोलिए, सभी सैनिकों का अपमान मत करिए। उन्होंने कहा कि इशिता ने “फौजी” कहा है, जिसमें उनके पापा भी शामिल हैं। इशिता की टिप्पणी से उन्हें भी ठेस पहुंची है। उन्होंने इशिता के वीडियो को बेहद अपमानजनक बताया। फौजी की पत्नी किरण कहती हैं कि सैनिक की पहली प्राथमिकता भारत माता होती है और दूसरी पत्नी। वह भी इशिता के कमेंट को गलत बताती हैं। हालांकि, किरण कहती हैं कि इशिता ने माफी मांग ली है और वह उम्र में भी छोटी लगती हैं, इसलिए गलती हो जाती है।

दरअसल, इशिता ने दो-तीन दिन पहले अपने फेसबुक पर एक वीडियो पोस्ट किया। इसमें उन्होंने कहा कि एक फौजी अपनी धरती माता के लिए बहुत लॉयल होता है, लेकिन अपनी पत्नी या गर्लफ्रेंड के लिए लॉयल नहीं रह सकता। उन्होंने दावा किया कि “90 प्रतिशत लड़के ऐसे होते हैं” और उनके पास बैकअप में कई लड़कियां होती हैं। इशिता ने यह भी कहा कि उन्हें फौजी लड़कों का इतना अनुभव है कि वे रिश्तों में लॉयल नहीं हो सकते। उनके इस बयान के बाद अब विवाद खड़ा हो गया। उधर, प्रदेश कांग्रेस कमेटी के राज्य महासचिव यदोपति ठाकुर ने भी इशिता पुंडीर के खिलाफ एसपी सिरमौर को शिकायत की है। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि सोशल मीडिया पर सांझा किए गए वीडियो में भारतीय सेना और उनके परिवारों के खिलाफ आपत्तिजनक व मानहानिकारक टिप्पणियां की गई हैं। इस तरह के बयान से सैनिकों का मनोबल प्रभावित होता है और उनके परिवारों को मानसिक आघात पहुंचता है। साथ ही यह भी उल्लेख किया गया है कि इस मामले में भारतीय न्याय संहिता व आईटी एक्ट के तहत कार्रवाई की मांग की गई है। उन्होंने मांग की है कि इशिता पुंडीर के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाए और सोशल मीडिया से ऐसे कंटैंट को हटाया जाए, ताकि गलत जानकारी का प्रसार रोका जा सके।

गौतम अडानी बने एशिया के सबसे अमीर व्यक्ति, मुकेश अंबानी को भी पीछे छोड़ा…

नई दिल्ली: भारतीय उद्योग जगत के लिए 17 अप्रैल 2026 का दिन ऐतिहासिक साबित हुआ। अडानी ग्रुप के चेयरमैन गौतम अडानी ने एक बार फिर अपनी बादशाहत साबित की है। नेटवर्थ के मामले में उन्होंने न केवल भारत, बल्कि पूरे एशिया में नंबर-1 का स्थान हासिल कर लिया है। ब्लूमबर्ग बिलिनेयर इंडेक्स के ताजा आंकड़ों के अनुसार, गौतम अडानी अब एशिया के सबसे अमीर व्यक्ति बन गए हैं। उन्होंने रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन मुकेश अंबानी को पछाड़कर यह गौरव हासिल किया है। वर्तमान में गौतम अडानी की कुल नेटवर्थ 92.6 अरब डॉलर पहुंच गई है, जबकि मुकेश अंबानी 90.8 अरब डॉलर के साथ दूसरे स्थान पर खिसक गए हैं।गुरुवार को भारतीय शेयर बाजार में भले ही मामूली गिरावट देखी गई और सेंसेक्स 123 अंक गिरकर बंद हुआ, लेकिन अडानी ग्रुप की कंपनियों के शेयरों ने शानदार प्रदर्शन किया। इस तेजी की बदौलत अडानी की नेटवर्थ में एक ही दिन में 3.56 अरब डॉलर का इजाफा हुआ। वहीं दूसरी ओर, रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयर लगभग सपाट बंद हुए, जिससे मुकेश अंबानी की संपत्ति में मात्र 76.7 मिलियन डॉलर की ही बढ़ोतरी हो सकी। ग्लोबल लिस्ट की बात करें तो गौतम अडानी अब दुनिया के 19वें सबसे अमीर व्यक्ति बन गए हैं। इस साल उनकी संपत्ति में 8.10 अरब डॉलर की जबरदस्त बढ़ोतरी हुई है। इसके उलट, मुकेश अंबानी के लिए यह साल अब तक चुनौतीपूर्ण रहा है और उनकी नेटवर्थ में इस साल 16.9 अरब डॉलर की गिरावट आई है। अंबानी अब वैश्विक अमीरों की लिस्ट में 20वें पायदान पर हैं।

इन दिग्गजों ने भी गंवाई अपनी दौलत

हैरानी की बात यह है कि इस साल दुनिया के टॉप-20 अमीरों में से 7 दिग्गज ऐसे हैं जिनकी संपत्ति में गिरावट आई है। सबसे ज्यादा नुकसान फ्रांसीसी बिजनेसमैन बर्नार्ड आरनॉल्ट को हुआ है, जिन्होंने 44 अरब डॉलर गंवाए हैं। उनके अलावा वॉरेन बफे, बिल गेट्स और लैरी एलिसन जैसे दिग्गजों की नेटवर्थ भी साल 2026 में कम हुई है।

दुनिया के टॉप-20 अमीरों की लिस्ट

रैंक नाम कुल नेटवर्थ (अरब डॉलर) इस साल का बदलाव (YTD) देश / क्षेत्र उद्योग
1 एलन मस्क $656B +$36.7B अमेरिका टेक्नोलॉजी
2 लैरी पेज $286B +$17.2B अमेरिका टेक्नोलॉजी
3 जेफ बेजोस $269B +$16.1B अमेरिका टेक्नोलॉजी
4 सर्गेई ब्रिन $266B +$15.9B अमेरिका टेक्नोलॉजी
5 मार्क जकरबर्ग $239B +$6.08B अमेरिका टेक्नोलॉजी
6 लैरी एलिसन $230B -$17.6B अमेरिका टेक्नोलॉजी
7 माइकल डेल $170B +$29.9B अमेरिका टेक्नोलॉजी
8 जेंसन हुआंग $164B +$9.62B अमेरिका टेक्नोलॉजी
9 बर्नार्ड आरनॉल्ट $164B -$44.0B फ्रांस कंज्यूमर
10 जिम वॉल्टन $150B +$13.7B अमेरिका रिटेल
11 स्टीव बालमर $148B -$20.3B अमेरिका टेक्नोलॉजी
12 रॉब वॉल्टन $147B +$13.4B अमेरिका रिटेल
13 ऐलिस वॉल्टन $146B +$13.2B अमेरिका रिटेल
14 वॉरेन बफे $142B -$9.60B अमेरिका डायवर्सिफाइड
15 कार्लोस स्लिम $130B +$19.1B मैक्सिको डायवर्सिफाइड
16 अमानसियो ओर्टेगा $130B -$5.80B स्पेन रिटेल
17 बिल गेट्स $104B -$12.9B अमेरिका टेक्नोलॉजी
18 थॉमस पीटरफी $93.8B +$16.7B अमेरिका फाइनेंस
19 गौतम अडानी $92.6B +$8.10B भारत इंडस्ट्रियल
20 मुकेश अंबानी $90.8B -$16.9B भारत एनर्जी

विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने किया जिला स्तरीय बैशाखी मेला राजगढ़ का समापन…

नाहन:  हिमाचल प्रदेश विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने राजगढ़ में आयोजित तीन दिवसीय जिला स्तरीय बैशाखी मेले की अंतिम सांस्कृतिक संध्या में बतौर मुख्यातिथि शिरकत की। इस अवसर पर जनसमूह को सम्बोधित करते हुए कुलदीप सिंह पठानिया ने कहा कि राजगढ़ का जिला स्तरीय बैशाखी मेला क्षेत्र के आराध्य देव शिरगुल महाराज के नाम पर आयोजित किया जाता है तथा धार्मिक, सामाजिक और व्यापारिक दृष्टि से यह मेला क्षेत्र में अपनी अलग पहचान रखता है। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश देवी-देवताओं की भूमि है, राजगढ़ क्षेत्र की वादियां बहुत दर्शनीय है । हम सौभाग्यशाली है कि हमें अपने देवी -देवताओं के चरणों में वास करने को मौका मिला है। हमारे प्रदेश की संस्कृति भारत के साथ-साथ पूरे विश्व में प्रसिद्ध है। उन्होंने कहा कि इस मेले को राज्यस्तरीय मेले का दर्जा प्रदान करने के लिए प्रयास किया जाए‌गा। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजनों से सौहार्द एवं आपसी भाईचारे की भावना सुदृढ़ होती है तथा किसी भी सुदृढ़ समाज की नींव उसकी समृद्ध संस्कृति पर ही निर्भर करती है। मेलों व त्यौहारों के माध्यम से जहां हमें अपने रीति-रिवाजों व परम्पराओं को संजोए रखने का मौका मिलता है, वहीं भावी पीढ़ी को भी अपनी संस्कृति को देखने व जानने के अवसर प्राप्त होते हैं। विधानसभा अध्यक्ष ने मेला कमेटी को एक लाख रुपये प्रदान करने की घोषणा की। उन्होंने जिला स्तरीय बैशाखी मेले की स्मृतियों को संजोये रखने के लिए आयोजन समिति द्वारा प्रकाशित स्मारिका का विमोचन भी किया। इस अवसर पर पूर्व विधानसभा अध्यक्ष गंगूराम मुसाफिर ने अपने विचार रखे तथा मुख्य अतिथि का इस मेले में पधारने पर आभार व्यक्त किया। जी आर मुसाफिर ने मुख्यअतिथि अध्यक्ष विधानसभा कुलदीप सिंह पठानिया को शॉल-टोपी तथा स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया।
इस मौके पर पूर्व विधान सभा अध्यक्ष गंगूराम मुसाफिर पुलिस अधीक्षक निश्चिंत सिंह नेगी, अतिरिक्त जिला दण्डाधिकारी एल आर वर्मा, निदेशक राज्य सहकारी बैंक भारत भुषण मोहिल को अध्यक्ष बैशाखी मेला कमेटी एवम् एसडीएम राजगढ़ राज कुमार ठाकुर ने शाॅल -टोपी भेंट कर सम्मानित किया। इस अवसर पर नगर पंचायत राजगढ़ की निवर्तमान अध्यक्ष ज्योति साहनी, पार्षद सुमन चौहान, परीक्षा चौहान, डीएसपी विद्या चंद नेगी, सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति एवं विभिन्न विभागों के अधिकारी तथा स्थानीय लोग मौजूद रहे।

चिट्टा तस्करी के मामले में एसबीआई का लोन मैनेजर गिरफ्तार…

Shimla Chitta Drugs Supply: हिमाचल प्रदेश में चिट्टा तस्करी के मामले लगातार बढ़ रहे है. अब शिमला में चिट्टा तस्करी केस में एसबीआई लोन मैनेजर को पलिस ने गिरफ्तार किया है. इस मामले में अब तक कुछ छह आरोपी गिरफ्तार हो चुके हैं, जिसमें एक महिला भी शामिल है. शिमला के ऊपरी इलाकों में गांवों गांवों में अब चिट्टा पहुंच गया है. ताजा मामले में शिमला पुलिस ने एसबीआई के लोन मैनेजर को चिट्टा तस्करी में गिरफ्तार किया है. पुराने मामले के बैकवर्ड लिंक में आरोपी लोन मैनेजर को अरेस्ट किया गया है. शिमला के जुब्बल में 10 फरवरी को एक मामला दर्ज किया गया था. शिमला पुलिस की तरफ से जारी प्रेस रिलीज में कहा गया है कि जांच के दौरान बैकवर्ड लिंकिज स्थापित करते हुए पुलिस ने गुरुवार को आरोपी तरुण ठाकुर (33), गांव चोगटाली, तहसील राजगढ़, जिला सिरमौर को धारा 29 एनडीपीएस अधिनियम के तहत गिरफ्तार किया गया है. आरोपी वर्तमान में एसबीआई रोहड़ू में लोन मैनेजर के पद पर कार्यरत है। जांच में यह पाया गया कि आरोपी मादक पदार्थ (चिट्टा/हेरोइन) की खरीद-फरोख्त में सक्रिय रूप से संलिप्त था तथा उसका सीधा संपर्क मुख्य सप्लायर लुकास उर्फ लकी निवासी अमृतसर से था. दोनों के बीच ऑनलाइन माध्यम से वित्तीय लेनदेन भी सामने आए हैं, जो इस अवैध नेटवर्क की पुष्टि करते हैं. इससे पूर्व इस मामले में दिनांक 9 फरवरी 2026 को स्थानीय महिला आरोपी को 13.46 ग्राम चिट्टा सहित गिरफ्तार किया गया था. इसके बाद 17 मार्च 2026 को बैकवर्ड लिंकिज के आधार पर मुख्य सप्लायर लुकास उर्फ लकी को गिरफ्तार किया गया. आगे दिनांक छह अप्रैल 2026 को फॉरवर्ड लिंकिज के आधार पर तीन अन्य आरोपियों—आशीष उर्फ गांधी, मनोज ठाकुर उर्फ सनी एवं खुशी राम उर्फ कुश को गिरफ्तार किया गया. शिमला पुलिस के एसपी गौरव सिंह ने बताया कि अब तक चिट्ठा तस्करी के इस  नेटवर्क में कुल 06 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। एक पढ़े-लिखे और सरकारी नौकरी कर रहे व्यक्ति की इस गिरफ्तारी ने पुलिस और प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है। पुलिस ने खासकर युवाओं और अभिभावकों को एक कड़ा संदेश दिया है। पुलिस ने अपील की है कि युवा नशे की इस दलदल से दूर रहें। एक गलत कदम न केवल आपके भविष्य को बर्बाद करता है, बल्कि आपके परिवार और पूरे समाज को भी अंधकार में धकेल देता है। फिलहाल पुलिस मामले की गहराई से जांच कर रही है। देखना होगा कि तरुण ठाकुर से पूछताछ के बाद इस रैकेट के और कौन से बड़े खुलासे होते हैं।

ठियोग-हाटकोटी सड़क (राष्ट्रीय मार्ग-705) पर भीषण सड़क हादसा : ट्रक से टकराई कार, उड़ गए परखच्चे…

शिमला: शिमला जिले के ठियोग-हाटकोटी मार्ग पर राष्ट्रीय राजमार्ग-705 पर एक ट्रक और कार के बीच जोरदार टक्कर हो गई। हादसे में कार के परखच्चे उड़ गए, जिससे वाहनों को  भारी नुकसान पहुंचा है। दुर्घटना के बाद सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई, जिससे यातायात पूरी तरह से प्रभावित रहा। स्थानीय लोगों और अन्य वाहन चालकों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। वहीं पुलिस ने मौके पर पहुंचकर राहत कार्य शुरू कर दिया और हादसे की जांच में जुट गई है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, हादसा तेज रफ्तार या घुमावदार सड़क पर नियंत्रण खोने के कारण हुआ हो सकता है। इस पहाड़ी रूट पर संकरी और घुमावदार सड़कें अक्सर ऐसे हादसों का कारण बनती हैं। अभी तक घायलों या हताहतों की संख्या की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस आगे की जांच कर रही है।

🔴 यातायात सलाह:

लाइव हिमाचल मीडिया अपने सभी दर्शकों से भी आग्रह करता है कि पहाड़ों में संभलकर चलें इस मार्ग पर यात्रा करने वाले वाहन चालकों से अनुरोध है कि सावधानी बरतें, स्पीड सीमा का पालन करें और ट्रक-बस के पीछे सुरक्षित दूरी बनाए रखें।

मोबाइल खरीदना हुआ भारी: युद्ध और सप्लाई चेन के संकट से ₹10,000 तक बढ़े दाम…

नेशनल डेस्क: स्मार्टफोन खरीदना अब आम लोगों के लिए महंगा होता जा रहा है। अंतरराष्ट्रीय तनाव और चिप की कमी का सीधा असर मोबाइल की कीमतों पर दिख रहा है। हालात ऐसे हैं कि 10 हजार रुपये का फोन अब 16 हजार तक पहुंच गया है। अचानक हुई इस बढ़ोतरी ने न केवल आम ग्राहकों की जेब पर बोझ डाला है, बल्कि बाजार की रौनक भी छीन ली है। बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, एक जनवरी से चिप की कीमतों में लगातार इजाफा हो रहा है। इसके चलते टेक कंपनियों ने अपने उत्पादों की कीमतें बढ़ा दी हैं। आलम यह है कि जो स्मार्टफोन पहले 10 हजार रुपये में उपलब्ध था, उसकी कीमत अब 14 हजार रुपये तक पहुंच गई है। वर्तमान में दुकानों में 12 हजार रुपये से कम श्रेणी के फोन मिलना भी मुश्किल हो गया है। प्रीमियम मॉडल्स में यह बढ़ोतरी और भी अधिक है। व्यापारियों का मानना है कि इलेक्ट्रॉनिक उत्पादों में इस्तेमाल होने वाले चिप कार्ड मुख्य रूप से विदेशों से आयात किए जाते हैं। वैश्विक स्तर पर जारी युद्ध की स्थितियां और सप्लाई चेन में आई बाधाओं को इस महंगाई का मुख्य कारण माना जा रहा है। बजट फोन अब आम आदमी की पहुंच से बाहर हो रहा है। बजट बिगड़ने के कारण लोग नया फोन खरीदने के बजाय पुराने फोन से ही काम चलाने को मजबूर हो रहे हैं। यदि चिप की कीमतों में जल्द सुधार नहीं हुआ, तो आने वाले दिनों में कीमतें और बढ़ सकती हैं। कोतवाली बाजार स्थित मोबाइल स्टोर के संचालक विनोद ने बताया कि कीमतों में उछाल का सीधा असर दुकानों की बिक्री पर दिख रहा है। वीरवार को करीब 15 ग्राहक मोबाइल देखने आए, लेकिन नई कीमतें सुनकर बिना खरीदारी के ही वापस लौट गए। जमानाबाद रोड (कांगड़ा) के सेल्समैन रिशू का कहना है कि कीमतों में किस्तों में बढ़ोतरी हो रही है। इससे मोबाइल सेगमेंट का पूरा कारोबार सुस्त पड़ गया है।

किसी दल विशेष का पक्ष लेने पर होगी कड़ी कार्रवाई, अगले हफ्ते तक जारी हो सकता है शेड्यूल

शिमला: हिमाचल प्रदेश में पंचायतीराज संस्थाओं और शहरी निकाय चुनाव की तैयारियों को लेकर राज्य निर्वाचन आयोग ने वीरवार को सभी जिलों के उपायुक्तों और पुलिस अधीक्षकों के साथ वर्चुअल बैठक की। इसमें संकेत दिए गए कि प्रदेश में 20 अप्रैल या इसके बाद कभी भी चुनाव का शेड्यूल जारी किया जा सकता है। पंचायत चुनाव तीन चरणों में होंगे जबकि नगर निकाय चुनाव एक ही चरण में होंगे। बैठक में राज्य निर्वाचन आयुक्त अनिल खाची ने जिला निर्वाचन अधिकारियों को निर्देश दिए कि वह चुनाव में किसी भी पार्टी का पक्षा न लें। अगर शिकायत मिली तो उनके खिलाफ कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। उन्होंने पारदर्शिता के साथ चुनाव कराने के निर्देश दिए। करीब डेढ़ घंटे चली बैठक में राज्य निर्वाचन आयुक्त ने जिलेवार चुनाव की तैयारियों का फीडबैक लिया। इसमें बैलेट पेपर की छपाई और उपलब्धता, मतदाता सूचियों की स्थिति, मतपेटियों की व्यवस्था, चुनाव ड्यूटी के लिए कर्मचारियों की तैनाती और सुरक्षा इंतजामों की समीक्षा की गई। उपायुक्तों ने भरोसा दिलाया कि उनके जिलों में चुनाव से संबंधित तैयारियां लगभग पूरी कर ली गई हैं और शेष कार्य भी जल्द ही पूर्ण कर लिए जाएंगे। मतदाता सूचियों के अंतिम प्रकाशन की प्रक्रिया जारी है और किसी भी प्रकार की त्रुटि को दूर करने के लिए विशेष ध्यान दिया जा रहा है। साथ ही चुनाव ड्यूटी में लगाए जाने वाले कर्मचारियों की सूची भी तैयार की जाएगी। पुलिस अधीक्षकों ने अपनी तैयारियों की जानकारी साझा करते हुए बताया कि संवेदनशील और अतिसंवेदनशील मतदान केंद्रों में अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किया जाएगा। संवेदनशील और अति संवेदनशील पोलिंग बूथों की मैपिंग होगी। पंचायतीराज संस्थाओं और शहरी निकायों के चुनाव को लेकर शिकायत कक्ष बनाए जाएंगे। राज्य निर्वाचन आयुक्त ने स्पष्ट किया कि आचार संहिता लागू होने के बाद किसी भी प्रकार की लापरवाही या नियमों के उल्लंघन को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। पंचायतों में 80 साल से ज्यादा आयु के बुजुर्ग अपने परिजनों से प्रत्याशियों के लिए वोट डलवा सकेंगे। परिजनों के साथ बुजुर्ग मतदान केंद्रों तक पहुंचेंगे। चार नगर निगमों समेत 53 शहरी निकायों में भी चुनाव पंचायतीराज संस्थाओं के साथ ही 4 नगर निगम (मंडी, सोलन, धर्मशाला और पालमपुर) सहित 53 शहरी निकायों में चुनाव होने हैं। निकायों के चुनाव ईवीएम से होंगे। शांति के नीचे प्रतिस्पर्धात्मक एक क्षेत्र है जहां हर कोई एक-दूसरे से खुद को बेहतर साबित करने की कोशिश कर रहा है। वायु श्रेष्ठता के लिए प्रतिस्पर्धा ने कई देशों की नियति तय की है और कई युद्धों के नतीजे तय किए हैं। हिमाचल प्रदेश में अब नए वोट नहीं बनेंगे। राज्य निर्वाचन आयोग ने 1 अप्रैल तक 18 वर्ष की आयु पूरा कर चुके युवाओं को मतदाता पहचानपत्र बनाने का मौका दिया था। समय की कमी के चलते अब नए वोटर बनाने के बजाय 20 अप्रैल तक अपीलें सुनी जाएंगी। 24 अप्रैल को मतदाताओं की अंतिम सूची जारी हो जाएगी।

ऊना में कैफे में लगी आग- रसोई का सारा सामान जलकर हुआ खाक…

ऊना: हिमाचल के ऊना जिले के हमीरपुर रोड स्थित एक कैफे में आग लगने से लाखों रुपये का सामान जल कर राख गया। वहीं, सुबह सवेरे कैफे खाली होने के कारण किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है। आग कैफे की रसोई से भड़की और देखते ही देखते पूरी रसोई में फैल गई। जिस कारण रसोई में रखे फ्रिज अन्य सामान जल कर राख हो गया। मौके पर अग्निशमन विभाग को सूचना दी गई और आधे घंटे की कड़ी मशक्त के बाद आग पर काबू पाया गया। जिला अग्निश्मन अधिकारी सुरेश कुमार ने बताया की उनको सुबह 6:40 पर आग की घटना की सुचना मिली थी। विभाग द्वारा तुरंत मौके पर पहुंच कर आग पर काबू पा लिया गया। आग लगने की घटना कैसे हुई और इस दौरान कितना नुकसान हुआ है, फिलहाल इसका आकलन किया जा रहा है।

Vaishakh Amavasya 2026 Panchak: वैशाख अमावस्या पर रहेगा पंचक का साया, जानें आज किन बातों से बचना है जरूरी

Amavasya April 2026: वैशाख अमावस्या हिंदू पंचांग के अनुसार एक अत्यंत महत्वपूर्ण तिथि मानी जाती है, जो पितरों की शांति और धार्मिक अनुष्ठानों के लिए विशेष होती है. वर्ष 2026 में यह अमावस्या 16 अप्रैल की रात से शुरू होकर 17 अप्रैल 2026 की शाम तक प्रभावी रहेगी. इसी कारण आज यानी 17 अप्रैल को  स्नान, दान और तर्पण किया जा रहा है. अमावस्या तिथि का निर्धारण केवल कैलेंडर से नहीं, बल्कि उदय तिथि के आधार पर होता है, इसलिए अधिकतर धार्मिक कार्य 17 अप्रैल को ही संपन्न किए जाएंगे. इस दिन किए गए धार्मिक कार्य विशेष फल देने वाले माने जाते हैं.  ज्योतिष और पंचांग के अनुसार आज के प्रमुख शुभ मुहूर्त इस प्रकार हैं।

अमावस्या मुहूर्त 2026 (Amavasya Timing 2026)
ब्रह्म मुहूर्त – 04:25 AM से 05:09 AM
प्रातः सन्ध्या – 04:47 AM से 05:54 AM
अभिजित मुहूर्त – 11:55 AM से 12:47 PM
विजय मुहूर्त – 02:30 PM से 03:22 PM
गोधूलि मुहूर्त – 06:47 PM से 07:09 PM
सायाह्न सन्ध्या – 06:48 PM से 07:54 PM
अमृत काल – 09:50 AM से 11:18 AM
सर्वार्थ सिद्धि योग – पूरे दिन

धार्मिक महत्व: क्यों खास है वैशाख अमावस्या?

वैशाख माह को स्वयं धार्मिक दृष्टि से अत्यंत पवित्र माना गया है, इसकी अमावस्या को पितृ कर्म के लिए विशेष दिन कहा गया है. मान्यता है कि इस दिन किए गए तर्पण और दान सीधे पितरों तक पहुंचते हैं. इस दिन लोग गंगा स्नान या किसी पवित्र नदी में स्नान करते हैं, उसके बाद पिंडदान, तर्पण और हवन जैसे कर्म किए जाते हैं. ऐसा करने से परिवार में सुख-शांति और समृद्धि बनी रहती है.

पूजा विधि और परंपराएं

आज के दिन सुबह जल्दी उठकर स्नान करना सबसे पहला नियम माना जाता है. इसके बाद साफ वस्त्र पहनकर सूर्य को अर्घ्य दिया जाता है. फिर पितरों के नाम से तर्पण किया जाता है, जिसमें जल, तिल और कुश का प्रयोग किया जाता है. इसके बाद जरूरतमंदों को भोजन, वस्त्र या धन का दान करना अत्यंत पुण्यकारी माना गया है. कई लोग इस दिन व्रत भी रखते हैं. दिनभर साधना एवं मंत्र जाप करते हैं.

क्या न करें आज के दिन

इस दिन नए कार्यों की शुरुआत, मांगलिक कार्यक्रम या बड़े निवेश से बचने की सलाह दी जाती है. साथ ही, क्रोध, विवाद और नकारात्मक विचारों से दूर रहना चाहिए।

पंचक का साया

इस बार वैशाख अमावस्या के साथ पंचक काल का प्रभाव भी बताया गया है, जो ज्योतिष में विशेष सावधानी वाला समय माना जाता है.   इस दौरान कुछ कार्यों से बचने की सलाह दी जाती है, क्योंकि पंचक में किए गए कुछ कामों का प्रभाव अशुभ माना जाता है. पंचक के दौरान विशेष रूप से यह कार्य नहीं करने चाहिए.जैसेलकड़ी या ईंधन से जुड़े बड़े काम शुरू न करें. घर की छत, निर्माण या मरम्मत का नया कार्य न करें. पलंग, फर्नीचर या भारी सामान की खरीद-फरोख्त टालें. धार्मिक मान्यताओं के अनुसार अंतिम संस्कार से जुड़े कार्यों में भी विशेष सावधानी रखी जाती है।