
शिमला: हिमाचल प्रदेश लोकसेवा आयोग ने अपनी आधिकारिक वेबसाइट को बहुभाषी बनाने का फैसला लिया है। इसके लिए भाषिणी टूल्स (नेशनल लैंग्वेज ट्रांसलेशन मिशन) का एकीकरण शुरू कर दिया गया है। इस पहल से अब वेबसाइट पर उपलब्ध हर महत्वपूर्ण जानकारी विभिन्न भारतीय भाषाओं में पढ़ी और समझी जा सकेगी। नई व्यवस्था लागू होने के बाद अभ्यर्थी अपनी पसंद की भाषा में भर्ती से जुड़ी सूचनाएं, आवेदन प्रक्रिया और दिशा-निर्देश आसानी से देख सकेंगे। इससे खासतौर पर ग्रामीण और दूरदराज क्षेत्रों के युवाओं को बड़ा लाभ मिलेगा, जिन्हें अंग्रेजी या हिंदी में जानकारी समझने में कठिनाई होती है। अब भाषा किसी भी प्रतिभा के आगे बाधा नहीं बनेगी। आयोग के अनुसार, इस पहल का उद्देश्य सेवाओं को अधिक पारदर्शी, समावेशी और नागरिक-केंद्रित बनाना है। भाषिणी टूल्स के माध्यम से कंटेंट का अनुवाद और इंटरैक्शन सरल होगा, जिससे अभ्यर्थियों को आवेदन भरने से लेकर परीक्षा प्रक्रिया तक हर चरण को समझने में आसानी होगी। इससे गलतियों की संभावना भी कम होगी। आयोग पहले ही अपनी वेबसाइट पर दिव्यांगजनों सहित सभी वर्गों के लिए कई एक्सेसिबिलिटी फीचर्स लागू कर चुका है। अब बहुभाषी सुविधा जुड़ने से प्लेटफॉर्म और अधिक उपयोगी और समावेशी बन जाएगा। हर साल हजारों अभ्यर्थी आयोग की परीक्षाओं में भाग लेते हैं। नई सुविधा लागू होने के बाद आवेदन प्रक्रिया समझना आसान होगा। नोटिफिकेशन और दिशा-निर्देश स्पष्ट होंगे। भाषा के कारण होने वाली गलतियां कम होंगी। आयोग की सचिव निवेदिता नेगी ने कहा कि आधुनिक भाषा तकनीकों को अपनाकर आयोग अपनी सेवाओं को अधिक सुलभ और प्रभावी बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।





