
ऊना: शिक्षा के मंदिर कहे जाने वाले जवाहर नवोदय विद्यालय पेखूबेला में छात्र से रैगिंग और प्रताड़ना का गंभीर मामला सामने आया है। स्कूल में 10वीं कक्षा के एक छात्र के साथ न केवल सीनियर छात्रों ने क्रूरतापूर्ण व्यवहार किया, बल्कि एक शिक्षक पर भी छात्र को थप्पड़ मारने और धमकाने के आरोप लगे हैं। स्कूल प्रशासन द्वारा सुनवाई न होने पर पीड़ित के पिता ने पुलिस में शिकायत दर्ज करवाई है। जिसके बाद पुलिस ने प्रारंभिक जांच शुरू कर दी है. वहीं, विद्यालय प्रबंधन ने पारदर्शिता बनाए रखने और तथ्यों की निष्पक्ष पड़ताल के उद्देश्य से फैक्ट फाइंडिंग कमेटी गठित करने का निर्णय लिया है. यह घटनाक्रम न केवल विद्यालय की आंतरिक व्यवस्था पर सवाल खड़े करता है. विद्यालय के प्रिंसिपल राज सिंह ने शुक्रवार को जानकारी देते हुए बताया कि मामले की निष्पक्ष जांच के लिए एक फैक्ट फाइंडिंग कमेटी का गठन किया गया है, जो सभी संबंधित पक्षों के बयान दर्ज कर तथ्यों की पड़ताल करेगी. उन्होंने कहा कि यह मामला कथित तौर पर नवंबर महीने का बताया जा रहा है, लेकिन छात्र के परिजनों ने 27 जनवरी को पुलिस में औपचारिक शिकायत दी गई. प्रिंसिपल के अनुसार स्कूल प्रशासन को इस विषय में पहले कोई लिखित या मौखिक शिकायत प्राप्त नहीं हुई थी. उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि जांच के दौरान जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी. दूसरी ओर पुलिस ने शिकायत के आधार पर प्रारंभिक जांच शुरू कर दी है और छात्र, उसके परिजनों तथा कथित आरोपित छात्रों से पूछताछ की तैयारी की जा रही है। विद्यालय परिसर में छात्रों और अभिभावकों के बीच इस घटना को लेकर चिंता का माहौल है. रैगिंग जैसे मामलों में त्वरित और पारदर्शी कार्रवाई बेहद आवश्यक है, ताकि छात्रों में सुरक्षा की भावना बनी रहे. उन्होंने कहा कि पीडि़त छात्रा के संबंध में भी स्कूल प्रशासन को एक शिकायत मिली थी जो किसी खाद्य वस्तु से जुड़े मामले को लेकर थी. उन्होंने कहा कि अब प्रशासन ने सभी छात्रों से किसी भी प्रकार की अनुचित गतिविधि की सूचना तुरंत संबंधित अधिकारियों को देने की अपील की है।





