
लाइव हिमाचल/ऊना: ऊना जिले के बैरियां की 24 वर्षीय अंशिका ने अपनी छोटी-सी जिंदगी में तीन सालों के भीतर प्यार, शादी, तलाक और फिर दोबारा शादी के उतार-चढ़ाव देखे। 24 सितंबर को जहां वह दुल्हन बनकर अपने घर से विदा होने वाली थी, वहीं किस्मत ने क्रूर मोड़ लिया। जिस घर से बारात विदा होनी थी, वहां से अर्थी उठी और खुशियों का माहौल मातम में बदल गया। अंशिका की मुलाकात फौजी प्रवेश कुमार से हुई थी और दोनों का प्यार परवान चढ़ा। दोनों ने साथ जीने मरने की कसमें खाते हुए वर्ष 2023 में कोर्ट मैरिज कर ली, लेकिन परिवार वालों ने इस रिश्ते को स्वीकार नहीं किया। घरेलू तनाव और विरोध के बीच एक साल के भीतर ही 2024 में दोनों का तलाक हो गया। इसके बावजूद भी उनका एक-दूसरे के प्रति प्यार खत्म नहीं हुआ। मई 2025 में उन्होंने दोबारा कोर्ट मैरिज की और इस बार ठान लिया कि अब दोनों परिवार को भी साथ लेकर चलेंगे। धीरे-धीरे रिश्तों में आई दरार भरने लगी। सबने मिलकर तय किया कि 24 सितंबर को हिंदू रीति-रिवाज से शादी होगी और अंशिका की विदाई धूमधाम से की जाएगी। परिवार ने तैयारियां पूरी कर ली थीं। रिश्तेदार बुलाए गए, घर सजाया गया और अंशिका भी लाल जोड़े में दुल्हन बनने के सपने संजो रही थी। बरसों के मनमुटाव के बाद यह मौका सबके लिए एक नई शुरुआत की तरह था, लेकिन 22 सितंबर की रात जम्मू से घर लौटे प्रवेश ने अंशिका से फोन पर बातचीत की। इसी दौरान उसे अंशिका के गर्भवती होने का पता चला और यह भी कि उसका चाचा संजीव कुमार इस रिश्ते से खुश नहीं है। इसके 24 घंटे के भीतर ही अंशिका का शव घर से महज 500 मीटर की दूरी पर अधजली अवस्था में मिला। यह दृश्य देखकर परिवार सदमे में डूब गया। मृतका की मां ने पति प्रवेश और उसके चाचा पर गंभीर आरोप लगाए। पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए चाचा संजीव कुमार को हिरासत में ले लिया।





