लाइव हिमाचल/दाड़लाघाट : श्रम विभाग ने दाड़लाघाट के 6 बैकों को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। इन बैंकों ने हिमाचल प्रदेश दुकानें और वाणिज्यिक प्रतिष्ठान अधिनियम 1969 के तहत अपना पंजीकरण नहीं करवाया है। हैरानी की बात यह है कि इन बैंकों को खुले हुए कई वर्ष हो गए हैं लेकिन इस एक्ट के तहत पंजीकरण करवाना अनिवार्य नहीं समझा। अब बैंकों के ऊपर कार्रवाई की तलवार लटक गई है। विभाग की ओर से जारी किए गए नोटिस का जवाब एक सप्ताह के अंदर देना होगा। यदि बैंकों ने पंजीकरण नहीं किया तो फिर विभाग कोर्ट में चालान पेश किया जाएगा। इस मामले में जुर्माने की कार्रवाई होने के साथ बैंक की स्थापना के समय से पंजीकरण फीस भी जमा करनी पड़ेगी। विभाग की ओर से जिन बैंकों को नोटिस जारी किया गया है उनमें राष्ट्रीयकृत बैंकाें के साथ सहकारी व निजी बैंक शामिल हैं। विभाग की ओर से मिली जानकारी के अनुसार इनमें स्टेट बैंक आफ इंडिया, यूको बैंक, पीएनबी, आईसीआईसी बैंक, हिमाचल प्रदेश ग्रामीण बैंक व जोगिन्द्रा सहकारी बैंक शामिल हैं।
हिमाचल प्रदेश दुकानें और वाणिज्यिक प्रतिष्ठान अधिनियम में बैंकों के पंजीकरण का प्रावधान है। पंजीकरण की फीस कर्मचारियों की संख्या के अनुसार है। यह पंजीकरण ऑनलाइन भी किया जा सकता है। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार श्रम निरीक्षक संतराम वर्मा की अगुवाई में दाड़लाघाट में इस एक्ट के तहत बाजार में दुकानों व बैंकों का निरीक्षण किया गया। 6 बैंकों ने अधिनियम के तहत अपना पंजीकरण नहीं किया हुआ था। श्रम निरीक्षक ने बताया कि इन बैंकों ने कहा कि सोलन जिले में यदि किसी बैंक ने इस एक्ट के तहत अपना पंजीकरण नहीं करवाया है तो जल्द करवा लें नहीं तो कार्रवाई होगी। सरकार ने इस अनिवार्य बनाया हुआ है। पंजीकरण ऑनलाइन भी हो सकता है। यह बैंक कई वर्षों से वहां पर चले हुए हैं लेकिन पंजीकरण शुल्क सरकार के खजाने में जमा नहीं कर रहे हैं। इन सभी बैंकों को 7 दिन के अंदर कारण बताओ नोटिस का जवाब देना होगा।





