Home » Uncategorized » मध्य प्रदेश की वो सीट… जहां शरद यादव ने तोड़ा था कांग्रेस का तिलिस्म, राजनीति में दिग्गज नेता का हुआ उदय

मध्य प्रदेश की वो सीट… जहां शरद यादव ने तोड़ा था कांग्रेस का तिलिस्म, राजनीति में दिग्गज नेता का हुआ उदय

जबलपुर। दिग्गज नेता शरद यादव भले ही आज हमारे बीच में नहीं हैं लेकिन उनसे जुड़े चुनावी किस्सों की चर्चा आज भी होती है। शरद यादव ने राजनीति में कदम मध्य प्रदेश के जबलपुर लोकसभा सीट से रखा था। उपचुनाव जीत कर वे पहली बार संसद पहुंचे थे। शरद यादव ने जबलपुर से पढ़ाई की और यहां की छात्र राजनीति में काफी सक्रिय रहे। जनता दल (यूनाइटेड) के राष्ट्रीय अध्यक्ष भी रहे। जबलपुर सीट पर कांग्रेस की लगातार जीत का सिलसिला को तोड़ने वाले नेता के रूप में शरद यादव की पहचान हुई।

साल 1974 में जबलपुर लोकसभा सीट से सांसद रहे सेठ गोविंद दास के निधन के बाद यह सीट खाली हो गई थी। उपचुनाव में कांग्रेस ने गोविंद दास के पोते रविमोहन को चुनाव मैदान में उतारा। इस बीच शरद यादव जेपी आंदोलन के कारण रायपुर जेल में बंद थे। हालांकि इस आंदोलन की वजह से ही राजनीति में उनका उदय हुआ।

शरद यादव ने इस पार्टी से लड़ा था चुनाव

सभी दलों ने मिलकर जबलपुर लोकसभा सीट से कांग्रेस के खिलाफ शरद यादव को चुनावी रण में उतार दिया। शरद यादव ने लोकदल से चुनाव लड़ा। उनका चुनाव निशान हलधर किसान था। जनता का मूड शरद यादव के पक्ष में रहा। वे कांग्रेस प्रत्याशी को हराकर पहली बार लोकसभा सदस्य बने थे।

बदायूं और मधेपुरा से भी पहुंचे संसद

1977 में दूसरी बार जनता दल की टिकट पर शरद यादव ने जबलपुर सीट से जीत दर्ज की थी। हालांकि उनकी जीत का सिलसिला 1980 लोकसभा चुनाव में थम गया था। इसके बाद वे उत्तर प्रदेश की बदायूं और बिहार की मधेपुरा लोकसभा सीट से संसद पहुंचे। उत्तर प्रदेश, बिहार और मध्य प्रदेश का संसद में प्रतिनिधित्व किया था।

जबलपुर में छात्रसंघ अध्यक्ष रहे शरद यादव

शरद यादव का जन्म मध्य प्रदेश के होशंगाबाद जिले में एक किसान परिवार में हुआ था। जबलपुर में शरद यादव की पहचान काफी हो चुकी थी। वे रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय के छात्रसंघ अध्यक्ष भी थे। जबलपुर से ही इंजीनियरिंग की पढ़ाई की थी। इसका फायदा उन्हें लोकसभा चुनाव में खूब मिला था।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Gallery not found12
[democracy id="1"]

मुख्यमंत्री ने महर्षि वाल्मीकि जयंती पर कृष्णा नगर स्थित मंदिर में माथा टेका, 25 लाख रुपये देने की घोषणा की कृष्णा नगर के परिवारों के कल्याण के लिए योजना बनाने पर विचार करेगी सरकारः मुख्यमंत्री

मुख्यमंत्री ने महर्षि वाल्मीकि जयंती पर कृष्णा नगर स्थित मंदिर में माथा टेका, 25 लाख रुपये देने की घोषणा की कृष्णा नगर के परिवारों के कल्याण के लिए योजना बनाने पर विचार करेगी सरकारः मुख्यमंत्री

[adsforwp id="47"]