पंडोह : मंडी से पंडोह के बीच 4 मील के पास जिस डंगे के धंसने का मामला 2 दिन पहले प्रमुखता से उठाया गया था वो डंगा बीती रात को हुई बारिश के कारण धंस गया है। डंगा धंसने के कारण चंडीगढ़-मनाली नैशनल हाईवे के बंद होने का खतरा भी मंडराने लग गया है। हालांकि अभी यहां पर एकतरफा यातायात बहाल है लेकिन सड़क पर बड़ी-बड़ी दरारें आ गई हैं जिस कारण हाईवे के और ज्यादा क्षतिग्रस्त होने की सम्भावना बन गई है।
वैकल्पिक मार्गों का लेना पड़ेगा सहारा
अगर चंडीगढ़-मनाली एनएच यहां बंद होता है तो एक बार फिर कुल्लू मनाली आने जाने वालों को परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है. ऐसे में वैकल्पिक मार्गों के अलावा और कोई विकल्प शेष नहीं रह जाएगा, लेकिन पंडोह और इसके साथ लगते इलाकों के लोगों को मंडी तक पहुंचना मुश्किल हो जाएगा. यहां के बहुत से लोग रोजमर्रा के कार्यों के लिए मंडी आते-जाते हैं. स्कूल और कॉलेज के बच्चे बड़ी संख्या में रोज इस हाईवे पर सफर करते हैं।
डंगा लगाकर सड़क बहाल करने में लगेगा लंबा समय
मौजूदा स्थिति को देखकर यही लग रहा है कि यहां दोबारा डंगा लगाना आसान बात नहीं है. अभी बरसात शुरू हुई है और आने वाले दिनों में इस डंगे के पूरी तरह से गिरने की पूरी संभावना नजर आ रही है. अगर ये डंगा गिरा तो अपने साथ बाकी बचे हुए हाईवे को भी नुकसान पहुंचाएगा. ऐसे में अब प्रशासन, एनएचएआई और निर्माण कार्य में जुटी केएमसी कंपनी क्या कुछ उपाय निकालती है यह देखना होगा।
बरसात से पहले कैसे धंस गया डंगा?
बीती बरसात में भी यहां पर हाईवे क्षतिग्रस्त हुआ था और उसे बहाल करने के लिए ही लाखों रुपये खर्च करके ये डंगा लगाया गया था. डंगे का कार्य फोरलेन निर्माण में जुटी केएमसी कंपनी ने किया है. बरसात से पहले ही ये डंगा धंसने लग गया था और बरसात होते ही धंस गया. स्थानीय लोग पहले ही डंगे के निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर सवाल उठा चुके हैं. अब सवाल ये है कि क्या प्रशासन और एनएचएआई इसकी जांच करवाएंगे? क्योंकि इस स्थिति में कोई भी बड़ा हादसा हो सकता था।





