



सोलन : ऑल इंडिया लॉयर्स यूनियन सोलन इकाई ने एसडीएम सोलन के माध्यम से उपायुक्त को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में परवाणू-शिमला नेशनल हाईवे, विशेषकर परवाणू से सोलन के बीच के हिस्से की जर्जर और असुरक्षित स्थिति पर गंभीर चिंता जताई गई। यूनियन ने कहा कि एनएचएआई और उसके ठेकेदारों की अवैज्ञानिक खोदाई और कटिंग पद्धतियों के चलते लगातार भूस्खलन हो रहे हैं। इससे यात्रियों की जान के साथ-साथ स्थानीय लोगों और किसानों की भूमि व संपत्ति को भारी नुकसान हो रहा है। अधिवक्ताओं ने कहा कि बार-बार भूस्खलन से कई स्थानों पर सड़क की एक लेन लगातार मलबे से ढकी रहती है। निर्माण कार्य शुरू होने के बाद से यह फोरलेन सड़क कभी भी पूरी तरह चालू नहीं हो पाई और कई जगह यह केवल सिंगल लेन के रूप में चल रही है। असुरक्षित डाइवर्जन से कई हादसे हो चुके हैं, जिनमें यात्रियों को गंभीर चोटें आईं और कई लोगों की मौत भी हुई। यूनियन ने सवाल उठाया कि सड़क की स्थिति न्यूनतम मानकों पर भी खरी नहीं उतर रही, फिर भी सनवारा टोल प्लाजा पर टोल वसूली जारी है। यूनियन ने साफ किया कि जनता की सुरक्षा से कोई समझौता स्वीकार्य नहीं है। इस पर जिला प्रशासन के साथ-साथ केंद्र सरकार को तुरंत हस्तक्षेप करना चाहिए।
यूनियन की ये हैं मांगें :-
🔴 सनवारा टोल प्लाजा पर टोल वसूली तत्काल बंद की जाए।
🔴 एनएचएआई को ढलानों का वैज्ञानिक स्थिरीकरण करने के निर्देश दिए जाएं।
🔴 एक स्वतंत्र तकनीकी निकाय से सुरक्षा ऑडिट कराया जाए।
🔴 हादसों और स्थानीय संपत्ति को हुए नुकसान की जांच के लिए समिति गठित हो।
🔴 पीड़ितों को मुआवजा व राहत प्रदान की जाए।
इस मौके पर इकाई सचिव नितीश ठाकुर, पंकज ठाकुर, शरत बाली, सुनील, भुवन ठाकुर, भूपेंद्र ठाकुर, सत्य प्रकाश, आशा, सनम, अंजलि, मोहित ठाकुर, साहिल, अमित कुमार, संजीव कुमार और राकेश कुमार सहित कई अधिवक्ता उपस्थित रहे।