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सोलन में अवैध भवनों निर्माण तोड़ने की कवायद हुई शुरू

सोलन :  सोलन शहर के माल रोड़ के साथ लगती तीन इमारतों की अवैध रूप से बनी मंजिलों को तोड़ने की कवायद अब शुरू कर दी गई है । माननीय प्रदेश उच्च न्यायालय के आदेश आने के बाद नगर निगम सोलन ने सोमावार को टेक्निकल विभाग के साथ मिलकर इन इमारतों का मुआयना किया ।

ज्ञात रहे कि इन इमारतों की ऊपर की मंजिलें अवैध रूप से निर्मित थी । जिसका उच्च न्यायालय में मामला विचाराधीन था । न्यायालय ने इन इमारतों की अवैध मंजिलों को तोड़ने का फैसला दिया । जिसकी प्रति नगर निगम सोलन के पास जैसे ही पहुंची, वैसे ही नगर निगम अधिकारी फैसले की प्रति भवन मालिकों को देने पहुंची । लेकिन दो भवनों के मालिक मौके पर मौजूद ना होने के कारण व्हाट्सएप से फैसले की प्रति भेजी गई है । इसमें साफ निर्देश हैं कि 23 अगस्त तक अवैध मंजिलों को खाली कर मालिकों द्वारा अपने स्तर पर तोड़ने की कवायद शुरू करनी होगी । फैसले के अनुसार अवैध मंजिलें ना तोड़ने की सूरत में नगर निगम इसे तोड़ने के लिए कदम उठाएगी, जिसका खर्च भवन मालिक को वहन करना होगा ।

नगर निगम पुलिस की मौजूदगी में मौके पर पहुंची थी । जिससे कानून व्यवस्था को बनाये रखा जा सके ।

इससे पूर्व कसौली मार्ग पर वर्ष 2018 में न्यायालय के आदेश के बाद टाऊन कंट्री प्लानिंग के अधिकारी वहां बने होटल की अवैध मंजिलों को तोड़ने पहुंची थी । लेकिन इस दौरान गुस्साए होटल मालिक द्वारा गोली चलाई गई, जिसमें टाऊन प्लानिंग के अधिकारी सहित एक अन्य की मौत हो गई थी । इसे ध्यान में रखते हुए नगर निगम अब कोई भी चूक होने की गुंजाइश छोड़ना नहीं चाहती है ।

इस संदर्भ में नगर निगम की चेयरमैन पुनम ग्रोवर का कहना है कि माननीय उच्च न्यायालय के फैसले की प्रति उनके कार्यालय में प्राप्त होने के बाद ही यह कार्रवाई अमल में लाई जा रही है ।

उन्होंने कहा कि इस बार प्रदेश में हुई आपदा को देखते हुए अवैध भवनों पर कड़ी कार्रवाई अमल में लाई जा रही है । उनका कहना है कि रिटेंशन पॉलिसी में 5 भवनों को टेम्परेरी एन ओ सी नगर निगम द्वारा दी गई थी । जिसे हाल ही में हुई निगम की बैठक में रद्द करने का भी फैसला लिया गया है । जिससे अवैध भवनों से होने वाले खतरों से बचा जा सके ।

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