मुख्यमंत्री ने बाण गंगा घाट का किया लोकार्पण संध्याकालीन आरती में हुए शामिल…

धर्मशाला: मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने आज कांगड़ा में नव-निर्मित बाण गंगा घाट का लोकार्पण किया और हरिद्वार की तर्ज पर मंत्रोच्चारण के बीच संध्याकालीन आरती की शुरुआत की। प्रतिदिन होने वाली आरती यहां आने वाले हजारों श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र बनेगी। 2.20 करोड़ रुपये की लागत से बने इस घाट के निर्माण में कैप्टन शैलेश रियालच फाउंडेशन का महत्त्वपूर्ण योगदान रहा है। फाउंडेशन ने लगभग 1.5 करोड़ रुपये व्यय किए, जबकि जिला प्रशासन कांगड़ा ने लगभग 70 लाख रुपये प्रदान किए। कैप्टन शैलेश, नगरोटा बगवां के अम्बाड़ी क्षेत्र से संबंध रखते थे। वह लगभग 25 वर्ष पूर्व शहीद हुए थे और उनकी स्मृति में इस फाउंडेशन ने घाट के निर्माण में अहम भूमिका निभाई है।


घाट परिसर में 25 फीट ऊंचे त्रिशूल की स्थापना की जा रही है। श्रद्धालुओं और पर्यटकों की सुविधा के लिए भव्य आरती स्थल, चेंजिंग रूम, शौचालय, आकर्षक मंच, सुंदर पार्क और बेहतर प्रकाश व्यवस्था विकसित की गई है। यहां संध्याकालीन आरती के साथ-साथ योगा सत्र और विभिन्न धार्मिक-सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हिमाचल प्रदेश देवभूमि है और कांगड़ा का बज्रेश्वरी मंदिर देशभर से आने वाले हजारों श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र है। श्रद्धालु घाट पर जाकर स्नान भी करते हैं, इसलिए उनकी सुविधा को ध्यान में रखते हुए यह घाट विकसित किया गया है, जिससे उन्हें स्नान और पूजा-अर्चना के लिए एक सुव्यवस्थित एवं सुरक्षित स्थान उपलब्ध हो सके। इस अवसर पर आयुष मंत्री यादवेंद्र गोमा, विधायक संजय अवस्थी, सुरेश कुमार तथा कमलेश ठाकुर, हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड के अध्यक्ष डॉ. राजेश शर्मा, हिमाचल पथ परिवहन निगम के उपाध्यक्ष अजय वर्मा, हिमाचल प्रदेश वूल फेडरेशन के अध्यक्ष मनोज ठाकुर, एपीएमसी कांगड़ा के अध्यक्ष निशु मोंगरा, उपायुक्त हेमराज बैरवा, पुलिस अधीक्षक अशोक रतन सहित अन्य गणमान्य उपस्थित थे।

मुख्यमंत्री ने धर्मशाला मैराथन-2025 की आधिकारिक जर्सी लॉंच की…

धर्मशाला: मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने आज जिला कांगड़ा के धर्मशाला में मैराथन-2025 की आधिकारिक जर्सी लॉंच की। यह आयोजन 25 दिसम्बर, 2025 को प्रस्तावित है। इस आयोजन का उद्देश्य शारीरिक तंदरुस्ती को बढ़ावा देना, खेल पर्यटन को सशक्त बनाना और धौलाधार की मनोरम पहाड़ियों की सुंदरता को उजागर करना है। उपस्थित लोगों ने धौलाधार पर्वतमाला तथा क्षेत्र की जीवंत सांस्कृतिक विरासत से प्रेरित जर्सी के डिज़ाईन की सराहना की। नगर निगम धर्मशाला द्वारा ज़िला प्रशासन कांगड़ा के सहयोग से आयोजित इस मैराथन का उद्देश्य स्वस्थ एवं सक्रिय जीवनशैली को प्रोत्साहित करना तथा राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों को प्रेरित करना है। मुख्यमंत्री ने नगर निगम धर्मशाला के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि यह जर्सी केवल खेल विशेष नहीं है, बल्कि इस मैराथन में भाग लेने वाले प्रतिभागियों के लिए सम्मान का प्रतीक है। इच्छुक उम्मीदवार मैराथन (42.195 किलोमीटर), हाफ मैराथन (21.075 किलोमीटर) एवं अन्य कम दूरी की श्रेणियों के लिए धर्मशाला मैराथन की आधिकारिक वेबसाइट पर पंजीकरण करवा सकते हैं। पूर्व सांसद विप्लव ठाकुर, नगर निगम धर्मशाला की महापौर नीनू शर्मा, पूर्व महापौर देवेन्द्र जग्गी, उपायुक्त हेमराज बैरवा, नगर निगम के आयुक्त जफ़र इकबाल, पुलिस अधीक्षक अशोक रतन और नगर निगम के पार्षदगण भी इस अवसर पर उपस्थित थे।

चिट्टे के विरुद्ध जन आंदोलन में हर वर्ग बने भागीदारः मुख्यमंत्री

धर्मशाला: मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने आज जिला कांगड़ा के धर्मशाला में नारकोटिक्स को-ऑर्डिनेशन सेंटर की छठी राज्य स्तरीय बैठक की अध्यक्षता करते हुए प्रदेश में नशे के खिलाफ चल रहे अभियान को और अधिक गति एवं दिशा देने के निर्देश दिए ताकि प्रदेश से चिट्टा और सभी मादक पदार्थों को पूरी तरह से खत्म किया जा सके। बैठक में राज्य सरकार के संबंधित विभागों के अतिरिक्त एन.सी.बी., ई.डी., डी.आर.आई, डाक विभाग और आर.पी.एफ. जैसी केन्द्रीय एजेंसियों के प्रतिनिधियों ने भी भाग लिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश की 234 अत्याधिक संवेदनशील पंचायतों में सीआईडी और पुलिस बल की विशेष तैनाती की गई है। उन्होंने उपायुक्तों को इन पंचायतों में नशा निवारण समितियां गठित करने के निर्देश दिए। उन्होंने प्रत्येक जिला में नियमित तौर पर नारकोटिक्स को-ऑर्डिनेशन सेंटर की बैठक आयोजित करने के भी निर्देश दिए। उन्होंने युवाओं, अभिभावकों, पंचायती राज संस्थाओं के प्रतिनिधियों, महिला मंडलों एवं अन्य स्वयंसेवी संगठनों से प्रदेश को नशा मुक्त बनाने के लिए सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया।
ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने सभी जिला प्रशासन को नशे से अर्जित की गई संपत्तियों की निशानदेही कर 10 दिसंबर तक सरकार को रिपोर्ट भेजने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार द्वारा इन संपत्तियों को ध्वस्त किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि चिट्टा की तस्करी में 60 सरकारी कर्मचारी संलिप्त पाए गए हैं, जिनमें 15 पुलिसकर्मी शामिल हैं। उन्होंने कहा कि इनमें से 5 को बर्खास्त कर दिया गया है, जबकि अन्य के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जा रही है। उन्होंने चिट्टा तस्करी में संलिप्त सरकारी कर्मचारियों का विवरण भी सरकार को 10 दिसंबर तक भेजने को कहा।
उन्होंने कहा कि आने वाले समय में एंटी चिट्टा वॉकथॉन जिला और सब डिवीजन स्तर पर भी आयोजित की जाएंगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार प्रदेश में न केवल सख्त प्रवर्तन सुनिश्चित कर रही है बल्कि नशे से पीड़ित व्यक्तियों की काउंसलिंग, उपचार और पुनर्वास तंत्र को भी मजबूत कर रही है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में सभी सरकारी भर्तियों में ड्रग टैस्ट अनिवार्य किया गया है। उन्होंने कहा कि स्कूलों-कॉलेजों में एंटी-ड्रग क्लब, प्रहरी क्लब और साथी शिक्षा कार्यक्रम को और सक्रिय बनाया गया है। प्रदेश में भांग की खेती पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है। उन्होंने कहा कि फार्मा इकाइयों की सख्त जांच की जा रही है। उन्होंने अभियोजन निदेशालय को एनडीपीएस मामलों में तेज अपील निपटान, बरी मामलों की समीक्षा तथा दोषसिद्धि दर बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अब अधिकारियों की एसीआर में नशा नियंत्रण से जुड़े सप्लाई, डिमांड और हार्म रिडक्शन के मानक भी शामिल किए जाएंगे। ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि राज्य सरकार एंटी-चिट्टा अभियान को जन आंदोलन बनाने के लिए प्रदेश में ‘चिट्टा सूचना इनाम योजना’ आरम्भ करने जा रही है तथा चिट्टा की सूचना देने वाले व्यक्ति को 10 हजार रुपये से लेकर 10 लाख रुपये तक का इनाम दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि लोग 112 नम्बर पर कॉल करके या नजदीकी पुलिस स्टेशन में इसकी सूचना दे सकते हैं। इनाम 30 दिन के भीतर दे दिया जाएगा। उन्होंने नागरिकों से प्रदेश से मादक पदार्थ चिट्टा को खत्म करने के लिए अपना सक्रिय सहयोग देने की अपील की। मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्तमान प्रदेश सरकार युवाओं की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है। पिछले तीन वर्षों में 28 प्रतिशत की वृद्धि के साथ 5642 एनडीपीएस मामले दर्ज किए गए तथा 8216 गिरफ्तारियां एवं 36.657 किलो चिट्टा बरामद किया गया, जो पुलिस की सक्रियता का प्रमाण है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में पीआईटी एनडीपीएस लागू किया गया है। 46 कुख्यात तस्कर हिरासत में लिए गए और 48 करोड़ रुपये की अवैध संपति जब्त की गई। ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि हिमाचल प्रदेश देश का पहला राज्य है, जिसने पंचायतों को रेड-येलो-ग्रीन वर्गों में बांटकर 12000 व्यक्तियों की पहचान की है। उन्होंने कहा कि यह मॉडल अब राष्ट्रीय स्तर पर अनुकरणीय माना जा रहा है। इस बैठक में अवगत करवाया गया कि 17 व 18 नवम्बर को राज्यव्यापी नाका संचालन के दौरान 16,441 वाहन चेक किए गए, 13 एनडीपीएस मामले दर्ज किए गए तथा भारी मात्रा में नशे की सामग्री पकड़ी गई। 22 नवम्बर को 121 स्थानों पर एक साथ छापेमारी की गई तथा दस शीर्ष तस्कर नेटवर्क पर निर्णायक प्रहार किया गया। इसके अतिरिक्त 25 नवम्बर को शिक्षण संस्थानों के आसपास अभियान छेड़कर 41 परिसरों और 598 दुकानों की तलाशी की गई तथा 12 केस दर्ज और 385 चालान किए गए। इस बैठक में मुख्य सचिव संजय गुप्ता, अतिरिक्त मुख्य सचिव श्याम भगत नेगी, पुलिस महानिदेशक अशोक तिवारी, प्रधान सचिव देवेश कुमार, सचिव एम. सुधा देवी, राकेश कंवर, सुशील कुमार सिंघला और अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। सभी जिलों के उपायुक्त और पुलिस अधीक्षक वर्चुअल माध्यम से बैठक में शामिल हुए।

आपदा राहत कोष के लिए एक्स सर्विसमेन लीग ने किया 70 हजार रुपए का चैक भेंट

सोलन: एक्स सर्विसमेन लीग सोलन, धर्मपुर कण्डाघाट, सुबाथू, सायरी, ममलीग तथा जुब्बड़हट्टी द्वारा आज यहां आपदा राहत कोष के लिए 70 हजार रुपए का चैक भेंट किया गया। इस लीग ने यह चैक सोलन के उपायुक्त मनमोहन शर्मा को भेंट किया। वहीं उपायुक्त मनमोहन शर्मा ने आपदा पीड़ितों के लिए आपदा राहत कोष में योगदान देने के लिए एक्स सर्विसमेन लीग का आभार व्यक्त किया। उन्होंने आशा जताई है कि एक्स सर्विसमेन लीग के यह प्रयास अन्य को भी इस दिशा में प्रेरित करेंगे। इस अवसर पर सायरी ममलीग जुब्बड़हट्टी लीग के अध्यक्ष सूबेदार मेजर नरेश कुमार कौंडल, कण्डाघाट लीग के अध्यक्ष वेटरन देव प्रकाश, सुबाथू लीग के अध्यक्ष सूबेदार मेजर दीपक तमांग, धर्मपुर लीग के अध्यक्ष सूबेदार मेजर यशपाल, सोलन सब यूनिट के अध्यक्ष दिला राम पंडियार, पूर्व सैनिक लीग सोलन एवं शिमला के मीडिया प्रभारी वेटरन सूबेदार मेजर नरेश कौंडल उपस्थित थे।

नेशनल टेनिस वॉलीबॉल प्रतियोगिता में होंगे हिमाचल के तीन रैफरी…

सोलन : झारखंड के रांची स्थित खेलगांव स्पोट्र्स कॉम्लैक्स में 25 दिसंबर से 27 दिसंबर तक होने वाली 27वीं सीनियर यूथ एंड मिनी नेशनल टेनि वॉलीबॉल प्रतियोगिता में हिमाचल प्रदेश के तीन रैफरी होंगे। हिमाचल प्रदेश टेनि वॉलीबॉल एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ. गोबिंद सिंह चैंइक ने बताया कि हिमाचल प्रदेश के लिए यह गर्व की बात है कि हिमाचल प्रदेश से इस राष्ट््रीय प्रतियोगिता के लिए रविंद्र कुमार, ज्ञान सिंह और बहादर सिंह का रैफरी के रूप में चयन किया गया है। उन्होंने बताया इस प्रतियोगिता में हिमाचल प्रदेश की पुरूष व महिला टीमें भी भाग लेगी। यह जानकारी हिमाचल प्रदेश टेनिस वॉलीबॉल एसोसिएशन के राज्य मीडिया प्रभारी यशपाल सिंह कपूर ने दी।

जनवादी महिला समिति ने पॉक्सो एक्ट मामले में मांगा चुराह विधायक का इस्तीफा, किया प्रदर्शन…

शिमला: अखिल भारतीय जनवादी महिला समिति (AIDWA) ने मंगलवार को शिमला में डिप्टी कमिश्नर ऑफिस के बाहर प्रोटेस्ट किया, जिसमें चुराह से BJP MLA हंस राज के इस्तीफे की मांग की गई, जिन पर एक नाबालिग लड़की के साथ सेक्शुअल असॉल्ट के कथित मामले में आरोप लगे हैं। AIDWA नेताओं और महिला प्रोटेस्टर्स ने MLA को उनके पद से हटाने और मामले में कार्रवाई की मांग करते हुए नारे लगाए। प्रोटेस्ट के दौरान मीडिया से बात करते हुए, हिमाचल प्रदेश डेमोक्रेटिक विमेंस कमेटी की प्रेसिडेंट फालमा चौहान ने कहा, “हम BJP MLA हंस राज के खिलाफ प्रोटेस्ट कर रहे हैं। जैसा कि आप जानते हैं, उन्हें बेल मिल गई है, लेकिन POCSO एक्ट के तहत, आमतौर पर बेल की इजाजत नहीं है। उन्होंने कहा कि इस प्रोटेस्ट के जरिए हम मांग करते हैं कि उनकी लेजिस्लेटिव असेंबली की मेंबरशिप कैंसिल की जाए। उन्हें दी गई बेल भी कैंसिल की जाए। सर्वाइवर और उसके परिवार को प्रोटेक्शन दी जानी चाहिए।फालमा चौहान ने आगे कहा, “हम एक रिटायर्ड सीनियर ऑफिसर के अंडर एक स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) बनाने की भी मांग करते हैं। आप जानते हैं कि MLA कितने असरदार हैं, वह किसी भी तरह से जांच को प्रभावित कर सकते हैं। इस केस में और भी नाम सामने आए हैं। जो लोग इसमें शामिल हैं, उन्हें सामने लाया जाना चाहिए और निष्पक्ष जांच पक्की होनी चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि केस को दबाने की कोशिश की जा रही है। फालमा चौहान ने कहा कि जब ऐसी घटना किसी गरीब परिवार के साथ होती है, तो सिर्फ वही समझ सकते हैं कि उनका बच्चा किस दर्द और ट्रॉमा से गुजर रहा है। मामले को दबाने की पॉलिटिकल कोशिश की जा रही है। इसलिए हम निष्पक्ष जांच चाहते हैं।

पूरे राज्य में कार्रवाई की चेतावनी देते हुए चौहान ने कहा कि अगर ऐसा नहीं होता है, तो AIDWA MLA के खिलाफ पूरे हिमाचल प्रदेश में प्रोटेस्ट करेगी। हम इस मुद्दे को असेंबली और पार्लियामेंट में भी उठाएंगे, जहां रेपिस्ट MLA और MP बैठे रहते हैं। हम इस मामले को पूरे देश के सामने लाएंगे।

छात्र राजनीति से निकलकर आम घर के युवा प्रवीण मिन्हास बने कॉपरेटिव बैंक के निदेशक…

चंबा: हिमाचल प्रदेश सरकार ने राज्य के सहकारिता क्षेत्र में युवा और अनुभवी नेतृत्व को बढ़ावा देते हुए, चंबा जिले की राड़ी पंचायत से संबंध रखने वाले प्रवीण मिन्हास को हिमाचल प्रदेश राज्य सहकारी बैंक के निदेशक मंडल में नियुक्त किया है। यह नियुक्ति मिन्हास के वर्षों के राजनीतिक संघर्ष को दर्शाती है, जिसकी शुरुआत छात्र राजनीति से हुई थी। प्रवीण मिन्हास भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन के प्रदेश महासचिव रहे है और हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय के इकाई अध्यक्ष भी रहे है। आम परिवार से निकले और छात्र राजनीति से जुड़े हुए मिन्हास ने चंबा के पीजी कॉलेज से अपनी शुरुआती पढ़ाई पूरी की और उसके बाद हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय से एलएलबी और एलएलएम की डिग्री प्राप्त की। प्रवीण मिन्हास हिमाचल प्रदेश सरकार में सबसे कम उम्र के निदेशकों में से एक हैं। इतनी कम उम्र में उन्हें यह महत्वपूर्ण पद प्रदान करना मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू की ‘व्यवस्था परिवर्तन’ की नीति को दर्शाता है। अपनी नियुक्ति के उपरांत, प्रवीण मिन्हास ने मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू जी व विशेष कार्य अधिकारी रितेश कपरेट जी का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यह सम्मान मुख्यमंत्री के उस दृष्टिकोण को दर्शाता है जिसके तहत संगठन के साधारण कार्यकर्ताओं को भी महत्वपूर्ण दायित्व सौंपकर आगे बढ़ने का मौका दिया जाता है। प्रवीण मिन्हास की नियुक्ति को चंबा जिले और भरमौर क्षेत्र के लिए एक बड़ी उपलब्धि के रूप में देखा जा रहा है और इससे संगठन के युवाओं में उत्साह का माहौल है।

सांसद राजीव भारद्वाज ने राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा से की शिष्टाचार भेंट, जन्मदिवस पर दी शुभकामनाएँ…

शिमला: भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश उपाध्यक्ष एवं सांसद राजीव भारद्वाज ने आज नई दिल्ली में भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री, भारत सरकार, माननीय जगत प्रकाश नड्डा से शिष्टाचार भेंट की। इस अवसर पर सांसद राजीव भारद्वाज ने माननीय नड्डा को उनके जन्मदिवस के अवसर पर हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएँ प्रेषित कीं तथा उनके उत्तम स्वास्थ्य, दीर्घायु एवं निरंतर जनसेवा के लिए ईश्वर से प्रार्थना की। इस दौरान सांसद राजीव भारद्वाज ने कहा कि “माननीय नड्डा जी का नेतृत्व, संगठन के प्रति समर्पण और देश के स्वास्थ्य तंत्र को सशक्त बनाने में किया गया कार्य अद्वितीय है। उनके मार्गदर्शन में भारतीय जनता पार्टी निरंतर जनहित के कार्य कर रही है। नड्डा जी का अनुभव एवं दूरदर्शिता हम सभी कार्यकर्ताओं के लिए प्रेरणा का स्रोत है।” भेंट के दौरान संगठनात्मक विषयों, केंद्र सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं तथा हिमाचल प्रदेश के समग्र विकास को लेकर भी विस्तार से चर्चा हुई। इसी दौरान सांसद राजीव भारद्वाज ने हिमाचल प्रदेश में राशन वितरण प्रणाली में उजागर हुए बड़े घोटाले पर गंभीर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि केंद्र सरकार द्वारा भेजी गई सत्यापन सूची से यह स्पष्ट होता है कि प्रदेश में वर्षों से बड़े पैमाने पर गड़बड़ियां चल रही थीं। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार की ओर से भेजी गई सूची में कुल 5,71,625 लाभार्थी संदेह के घेरे में आए हैं, जिन पर अपात्र होते हुए भी सस्ते और मुफ्त राशन का लाभ लेने का आरोप है। सांसद भारद्वाज ने बताया कि इस सूची के अनुसार प्रदेश में 400 ऐसे मामले सामने आए हैं, जिनमें डुप्लीकेट राशन कार्ड पाए गए, जबकि 2,222 ऐसे लाभार्थी चिन्हित हुए हैं जिनकी मृत्यु हो चुकी है, बावजूद इसके उनके नाम पर राशन उठाया जा रहा था। इसके अतिरिक्त 2,918 ऐसे लोग भी चिन्हित किए गए हैं, जिन्होंने वाहन खरीद लिए हैं, फिर भी वे एनएफएसए के अंतर्गत मुफ्त राशन ले रहे थे। इसके अलावा करीब 53 लाख से अधिक लाभार्थी संदेह की श्रेणी में रखे गए हैं। जिनका पुनः सत्यापन किया जा रहा है। सांसद राजीव भारद्वाज ने कहा कि यह केवल प्रशासनिक लापरवाही नहीं, बल्कि पूरे तंत्र की विफलता का परिणाम है। राशन वितरण प्रणाली में पंचायत स्तर, डिपो स्तर और विभागीय स्तर – इन तीनों ही स्तरों पर निगरानी की जिम्मेदारी होती है। यदि समय-समय पर ईमानदारी से सत्यापन किया जाता तो यह स्थिति उत्पन्न ही नहीं होती। उन्होंने कहा कि वर्षों तक अपात्र लोगों को राशन मिलता रहा, जो सीधे-सीधे गरीबों के हक और करदाताओं के पैसे का दुरुपयोग है। उन्होंने भाजपा सांसद अनुराग ठाकुर द्वारा इस विषय पर उठाए गए सवालों का समर्थन करते हुए कहा कि यह मामला अत्यंत गंभीर है और केवल कार्ड रद्द करना पर्याप्त नहीं है। जिन अधिकारियों और कर्मचारियों की निगरानी में यह सब चलता रहा, उनके विरुद्ध भी सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि इस पूरे मामले में कमीशन आधारित व्यवस्था की भी बड़ी भूमिका रही है, जिससे यह समस्या वर्षों तक छिपी रही। सांसद राजीव भारद्वाज ने कहा कि भाजपा यह मांग करती है कि इस पूरे घोटाले की निष्पक्ष जांच हो, दोषियों को कड़ी सजा मिले और भविष्य में ऐसी गड़बड़ी न हो इसके लिए व्यवस्था को पूरी तरह पारदर्शी बनाया जाए। उन्होंने कहा कि हिमाचल की जनता के टैक्स के पैसों से चलने वाली यह योजना गरीबों के कल्याण के लिए है, न कि भ्रष्टाचार को बढ़ावा देने के लिए। भाजपा इस पूरे प्रकरण पर सतत निगरानी रखेगी और दोषियों को बेनकाब कर उन्हें सजा दिलाने के लिए संघर्ष जारी रखेगी।

मुख्यमंत्री ने धर्मशाला में समृद्धि भवन का लोकार्पण किया प्रदेश सरकार जन सेवाओं को सुदृढ़ करने के लिए प्रतिबद्धः मुख्यमंत्री

धर्मशाला: मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने आज कांगड़ा जिला के धर्मशाला में 24.47 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित समृद्धि भवन का लोकार्पण किया। इस भवन के निर्मित होने से क्षेत्र के लोगों को आधुनिक व सुविधाजनक सेवाएं उपलब्ध होंगी। भूकंप ज़ोन-5 को ध्यान में रखते हुए इस भवन को बेहतरीन अधोसंरचना के साथ डिज़ाइन किया गया है, जिससे भवन की सुरक्षा सुनिश्चित होगी। 2,511 वर्ग मीटर क्षेत्र में निर्मित इस भवन में एक धरातल तल, चार मंजिले और दो बेसमेंट हैं। बेसमेंट में 80 गाड़ियों के लिए पार्किंग की सुविधा उपलब्ध होगी, जिसमें स्टाफ़ और आम जनता के वाहनों के लिए स्थान निर्धारित किए गए हैं।
अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस इस भवन में स्मोक डिटेक्टर के साथ अग्निशमन के पुख्ता इंतज़ाम, 50 किलोवाट क्षमता का सोलर पावर प्लांट, रेनवाटर हार्वेस्टिंग टैंक, 30,000-लीटर की जल संग्रहण क्षमता, डीजी सेट और इंटरकॉम की सुविधाएं शामिल हैं। मुख्यमंत्री ने प्रशासनिक निपुणता, नागरिक सेवाओं और सतत प्रशासन के लिए एक अत्याधुनिक हब के तौर पर समृद्धि भवन के महत्त्व पर बल देते हुए कहा कि यह भवन महत्त्वपूर्ण स्थान पर स्थित है और इससे धर्मशाला में विभिन्न कामकाज सुविधाजनक होंगे। यह भवन राज्य में शहरी अधोसंरचना परियोजनाओं के लिए एक मॉडल के रूप में भी स्थापित होगा। इस अवसर पर विधायक सुरेश कुमार, पूर्व सांसद विप्लव ठाकुर, धर्मशाला की महापौर नीनू शर्मा, कांग्रेस नेता देवेंद्र जग्गी, हिमाचल प्रदेश वूल फेडरेशन के अध्यक्ष मनोज ठाकुर, एपीएमसी कांगड़ा के अध्यक्ष निशु मोंगरा और अन्य गणमान्य उपस्थित थे।

21 दिसंबर को पिलाई जाएगी पल्स पोलियो की खुराक : मनमोहन शर्मा

सोलन: उपायुक्त सोलन मनमोहन शर्मा ने आज यहां पल्स पोलियो, ज़िला एड्स रोकथाम एवं नियंत्रण समिति तथा क्षय रोग नियंत्रण के संबंध में अधिकारियों के साथ आयोजित बैठक की अध्यक्षता की। मनमोहन शर्मा ने कहा कि ज़िला सोलन में पल्स पोलियो अभियान 21 दिसंबर, 2025 को आरम्भ किया जाएगा। इसके तहत शून्य से 05 वर्ष आयुवर्ग के 87,450 बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाई जाएगी। उन्होंने कहा कि इस अभियान को सफल बनाने के लिए ज़िला सोलन में 431 बूथ स्थापित किए जाएंगे। इसके अतिरिक्त 28 मोबाइल टीमें भी कार्यरत रहेंगी। उन्होंने कहा कि इस दौरान पोलियो की दवा से छूटे हुए बच्चों को 22 व 23 दिसम्बर, 2025 को स्वास्थ्य कर्मी घर-घर जाकर पल्स पोलियो की खुराक पिलाएंगे। उपायुक्त ने कहा कि इस वर्ष विश्व एड्स दिवस-2025 का विषय ‘ओवरकमिंग डिस्रपश्न, ट्रांसफॉर्मिंग द एड्स रिस्पॉन्स’ रखा गया है। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग द्वारा इस विषय पर आगामी एक माह तक विभिन्न जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा। उन्होंने सम्बन्धित अधिकारियों को निर्देश दिए कि एड्स के प्रति लोगों को जागरूक करने के उद्देश्य से ग्राम पंचायत स्तर पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करना सुनिश्चित बनाएं। मनमोहन शर्मा ने क्षय रोग की रोकथाम के लिए सम्बन्धित अधिकारियों को लोगों को जागरूक करने के निर्देश दिए। उन्होंने खण्ड चिकित्सा अधिकारियों को निर्देश दिए कि अपने-अपने क्षेत्राधिकार में क्षय रोग की जांच के लिए शिविरों का आयोजन करना सुनिश्चित बनाएं। उन्होंने कहा कि क्षय रोगियों को डाइट किट देना तथा उनकी निगरानी करना भी सुनिश्चित बनाएं। वहीं उपायुक्त ने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को सभी ग्राम पंचायत भवनों के परिसर में तम्बाकू मुक्त साइन बोर्ड लगाने के निर्देश भी दिए। इस अवसर पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अजय पाठक, ज़िला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अमित रंजन तलवार, डॉ. गगनदीप हंस, समस्त खण्ड चिकित्सा अधिकारी सहित गैर सरकारी संस्थानों के प्रतिनिधि उपस्थित थे।